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चौदह_बरस_में

मेरा_पहला_आहत_हाइकु : चौदह_बरस_में
(14 अगस्त 2004)
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धनजंय चटर्जी वह राक्षस था जिसे 14 अगस्‍त 2004 में रेप और हत्‍या के केस में फांसी पर लटकाया गया था।
चटर्जी एक सोसाइटी में गॉर्ड (रखवाला) था। उसने  5 मार्च 1990 को सोसाइटी की स्‍कूल जाने वाली 14 साल की बच्‍ची हेतल पारीख का पहले रेप किया और फिर उसकी हत्‍या कर दी थी। 14 साल तक जेल की सजा काटने के बाद उसे फांसी पर लटकाया गया। अलीपुर सेंट्रल जेल में 14 अगस्त 2004 में धनंजय चटर्जी को फांसी दी गई थी।
कितनी अद्भुत बात है कि जिस धनंजय चटर्जी को 14 अगस्त 2004 को फांसी हुई उसका जन्म भी 14 अगस्त 1965 को हुआ था। उसने 14 वर्ष की नाबालिग लड़की से ब्लात्कार किया, 14 साल मुकदमा चला और अंततः उसे 14 तारीख को ही फांसी हुई।
 इस 14 के आंकड़ों को,  14 अगस्त 2004 को ही, एक विश्वविद्यालय के हिंदी विभाग में पुनश्चर्या कार्यक्रम के दौरान समाचार सुनने के बाद मैने निम्नलिखित हाइकू में बांधने का प्रयास किया, देखिये...

हाइकू : #चौदह_बरस

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मार डालेगी
चौदह बरस में
मरी लड़की

१४.०७.२०२०

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हाइकू : #आज_भी
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०२.०७.२०२०

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